
ट्रंप का ब्रिक्स को अल्टीमेटम: डॉलर छोड़ा तो 100% टैरिफ
Pointers by Amit Dutt 31-Jan-2025
- अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ब्रिक्स देशों को चेतावनी दी कि अगर वे डॉलर को कमजोर करने की कोशिश करेंगे तो 100% टैरिफ का सामना करना पड़ेगा।
- ट्रंप ने कहा कि ब्रिक्स देशों को यह वादा करना होगा कि वे न तो नई मुद्रा बनाएंगे और न ही डॉलर को प्रतिस्थापित करने का प्रयास करेंगे।
- ब्रिक्स देश (ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका) वैश्विक वित्तीय प्रणाली में अमेरिका के प्रभुत्व से असंतुष्ट हैं।
- विकासशील देश अमेरिकी डॉलर और यूरो पर वैश्विक निर्भरता कम करना चाहते हैं।
- भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने स्पष्ट किया कि भारत डॉलर को प्रतिस्थापित करने का समर्थन नहीं करता, बल्कि व्यापारिक हितों की रक्षा के लिए विकल्प तलाश रहा है।

जर्मनी में फिर भीड़ पर गाड़ी चढ़ी, एक की मौत, कई घायल
Pointers by Shalini Ghosh 04-Mar-2025
- 3 मार्च 2025 को, जर्मनी के मैनहेम शहर में एक कार ने भीड़ में घुसकर कई लोगों को घायल कर दिया, जिसमें दो लोगों की मौत हो गई। यह घटना उस समय हुई जब लोग कार्निवल समारोह के लिए इकट्ठा हुए थे
- पुलिस ने 40 वर्षीय जर्मन नागरिक को गिरफ्तार किया है, जो अकेले ही इस हमले में शामिल था। प्रारंभिक जांच में यह पाया गया कि संदिग्ध का कोई राजनीतिक या धार्मिक उद्देश्य नहीं था, लेकिन उसकी मानसिक स्थिति पर विचार किया जा रहा है
- घटना में 11 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से कुछ की हालत गंभीर बताई गई है। मैनहेम विश्वविद्यालय अस्पताल ने आपातकालीन योजना लागू की है ताकि अधिक घायलों का इलाज किया जा सके
- पुलिस ने घटना के बाद शहर के केंद्र को सील कर दिया और लोगों को वहां से दूर रहने की सलाह दी। सुरक्षा बलों ने भारी मात्रा में तैनाती की और हेलीकॉप्टरों द्वारा निगरानी रखी गई
- यह घटना हाल के महीनों में जर्मनी में हुई कई कार रैमिंग हमलों के संदर्भ में आई है, जिसमें पिछले महीने म्यूनिख में एक प्रदर्शन पर कार चढ़ाने से दो लोगों की मौत हुई थी। जर्मनी में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ रही है और अधिकारियों ने इस प्रकार की घटनाओं को रोकने के लिए कड़े कदम उठाने का आश्वासन दिया है

बीजिंग का पलटवार! अमेरिका के कई खाद्य उत्पादों और वस्त्रों पर आयात शुल्क बढ़ाया चीन ने
Pointers by Shalini Ghosh 04-Mar-2025
- अमेरिका द्वारा चीनी उत्पादों पर आयात शुल्क बढ़ाने के जवाब में चीन ने भी अमेरिकी खाद्य उत्पादों और वस्त्रों पर आयात शुल्क बढ़ा दिया है, जिससे व्यापार युद्ध और गहरा गया है
- चीन ने कोयला, तरलीकृत प्राकृतिक गैस (LNG), कच्चे तेल, कृषि मशीनरी, बड़ी कारों और अन्य वस्त्रों पर 10-15% तक आयात शुल्क लगाया है, जिससे अमेरिकी निर्यातकों को बड़ा झटका लगा है
- चीन ने विशेष रूप से कृषि उत्पादों पर शुल्क बढ़ाया है, जैसे सोयाबीन, जिससे अमेरिकी किसानों को आर्थिक नुकसान हो सकता है। यह कदम ट्रंप समर्थक किसानों को प्रभावित करने के लिए उठाया गया है
- इस व्यापार युद्ध का असर केवल अमेरिका और चीन तक सीमित नहीं रहेगा। अन्य देशों, जैसे भारत, को इसका लाभ मिल सकता है क्योंकि अमेरिकी बाजार में चीनी उत्पाद महंगे होने से भारतीय निर्यातकों के लिए नए अवसर पैदा होंगे
- आयात शुल्क बढ़ाने के साथ ही चीन ने अमेरिकी कंपनियों पर संभावित प्रतिबंध लगाने और कुछ महत्वपूर्ण मेटल्स पर निर्यात नियंत्रण लागू करने की योजना बनाई है, जिससे व्यापारिक तनाव और बढ़ सकता है

भारत की पहली ट्रांसजेंडर क्लीनिक्स USAID फंड फ्रीज के कारण बंद: LGBTQ+ समुदाय पर असर
Pointers by Khushbu Bareth 28-Feb-2025
- हैदराबाद की मित्र क्लीनिक, भारत की पहली ट्रांसजेंडर हेल्थकेयर क्लीनिक, USAID फंड फ्रीज से बंद हुई.
- क्लीनिक ने HIV उपचार, मानसिक स्वास्थ्य, और जेंडर-अफर्मेशन सेवाओं जैसी सुविधाएं मुफ्त दीं.
- 2021 में शुरू हुई क्लीनिक ने हर महीने 150-200 LGBTQ+ व्यक्तियों को सेवा दी।
- ट्रंप प्रशासन के 90-दिन फंड रोकने के आदेश से यह सेवाएं बाधित हुईं।
- LGBTQ+ समुदाय ने इसे भेदभाव मुक्त स्वास्थ्य सेवाओं का एकमात्र स्रोत बताया।

भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौता 2025 के अंत तक होगा पूरा: पीएम मोदी
Pointers by Khushbu Bareth 28-Feb-2025
- भारत और यूरोपीय संघ ने 2025 के अंत तक FTA पूरा करने का लक्ष्य रखा है
- यह समझौता दुनिया का सबसे बड़ा मुक्त व्यापार समझौता हो सकता है
- 2023-24 में भारत-ईयू व्यापार $137.5 बिलियन तक पहुंचा, जो पिछले दशक में दोगुना हुआ
- समझौते में निवेश सुरक्षा और भौगोलिक संकेत (GIs) जैसे मुद्दों पर भी चर्चा हो रही है
- वैश्विक आर्थिक तनाव और अमेरिकी टैरिफ खतरों के बीच यह साझेदारी और महत्वपूर्ण हो गई है

सेंसेक्स-निफ्टी में भारी गिरावट: अमेरिकी टैरिफ और जीडीपी डेटा की चिंता
Pointers by Khushbu Bareth 28-Feb-2025
- सेंसेक्स 1,414 अंक और निफ्टी 420 अंक गिरकर बंद हुए।
- अमेरिकी टैरिफ बढ़ाने की घोषणा से वैश्विक बाजारों में डर का माहौल है।
- विदेशी निवेशकों ने भारी मात्रा में भारतीय शेयर बाजार से पैसे निकाले हैं।
- सभी प्रमुख सेक्टर—बैंकिंग, आईटी, ऑटो—में बिकवाली का दबाव देखा गया।
- जीडीपी डेटा जारी होने से पहले निवेशकों में अनिश्चितता और घबराहट है।